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2
إِن يَثقَفوكُم يَكونوا لَكُم أَعداءً وَيَبسُطوا إِلَيكُم أَيدِيَهُم وَأَلسِنَتَهُم بِالسّوءِ وَوَدّوا لَو تَكفُرونَ

फ़ारूक़ ख़ान & नदवी

अगर ये लोग तुम पर क़ाबू पा जाएँ तो तुम्हारे दुश्मन हो जाएँ और ईज़ा के लिए तुम्हारी तरफ अपने हाथ भी बढ़ाएँगे और अपनी ज़बाने भी और चाहते हैं कि काश तुम भी काफिर हो जाओ