50قُل أَرَأَيتُم إِن أَتاكُم عَذابُهُ بَياتًا أَو نَهارًا ماذا يَستَعجِلُ مِنهُ المُجرِمونَफ़ारूक़ ख़ान & अहमदकहो, "क्या तुमने यह भी सोचा कि यदि तुमपर उसकी यातना रातों रात या दिन को आ जाए तो (क्या तुम उसे टाल सकोगे?) वह आख़िर कौन-सी चीज़ होगी जिसके लिए अपराधियों को जल्दी पड़ी हुई है?