You are here: Home » Chapter 76 » Verse 24 » Translation
← Sura 76 →
← Aya 24 →
24
فَاصبِر لِحُكمِ رَبِّكَ وَلا تُطِع مِنهُم آثِمًا أَو كَفورًا

फ़ारूक़ ख़ान & नदवी

तो तुम अपने परवरदिगार के हुक्म के इन्तज़ार में सब्र किए रहो और उन लोगों में से गुनाहगार और नाशुक्रे की पैरवी न करना