75قالَ المَلَأُ الَّذينَ استَكبَروا مِن قَومِهِ لِلَّذينَ استُضعِفوا لِمَن آمَنَ مِنهُم أَتَعلَمونَ أَنَّ صالِحًا مُرسَلٌ مِن رَبِّهِ ۚ قالوا إِنّا بِما أُرسِلَ بِهِ مُؤمِنونَफ़ारूक़ ख़ान & अहमदउसकी क़ौम के सरदार, जो बड़े बने हुए थे, उन कमज़ोर लोगों से, जो उनमें ईमान लाए थे, कहने लगे, "क्या तुम जानते हो कि सालेह अपने रब का भेजा हुआ (पैग़म्बर) है?" उन्होंने कहा, "निस्संदेह जिस चीज़ के साथ वह भेजा गया है, हम उसपर ईमान रखते है।"