108وَنَزَعَ يَدَهُ فَإِذا هِيَ بَيضاءُ لِلنّاظِرينَफ़ारूक़ ख़ान & अहमदऔर उसने अपना हाथ निकाला, तो क्या देखते है कि वह सब देखनेवालों के सामने चमक रहा है