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27
وَلَقَد أَهلَكنا ما حَولَكُم مِنَ القُرىٰ وَصَرَّفنَا الآياتِ لَعَلَّهُم يَرجِعونَ

फ़ारूक़ ख़ान & नदवी

और (ऐ अहले मक्का) हमने तुम्हारे इर्द गिर्द की बस्तियों को हलाक कर मारा और (अपनी क़ुदरत की) बहुत सी निशानियाँ तरह तरह से दिखा दी ताकि ये लोग बाज़ आएँ (मगर कौन सुनता है)