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35
إِذ قالَتِ امرَأَتُ عِمرانَ رَبِّ إِنّي نَذَرتُ لَكَ ما في بَطني مُحَرَّرًا فَتَقَبَّل مِنّي ۖ إِنَّكَ أَنتَ السَّميعُ العَليمُ

फ़ारूक़ ख़ान & नदवी

(ऐ रसूल वह वक्त याद करो) जब इमरान की बीवी ने (ख़ुदा से) अर्ज़ की कि ऐ मेरे पालने वाले मेरे पेट में जो बच्चा है (उसको मैं दुनिया के काम से) आज़ाद करके तेरी नज़्र करती हूं तू मेरी तरफ़ से (ये नज़्र कुबूल फ़रमा तू बेशक बड़ा सुनने वाला और जानने वाला है