You are here: Home » Chapter 2 » Verse 148 » Translation
← Sura 2 →
← Aya 148 →
148
وَلِكُلٍّ وِجهَةٌ هُوَ مُوَلّيها ۖ فَاستَبِقُوا الخَيراتِ ۚ أَينَ ما تَكونوا يَأتِ بِكُمُ اللَّهُ جَميعًا ۚ إِنَّ اللَّهَ عَلىٰ كُلِّ شَيءٍ قَديرٌ

फ़ारूक़ ख़ान & अहमद

प्रत्येक की एक ही दिशा है, वह उसी की ओर मुख किेए हुए है, तो तुम भलाईयों में अग्रसरता दिखाओ। जहाँ कहीं भी तुम होगे अल्लाह तुम सबको एकत्र करेगा। निस्संदेह अल्लाह को हर चीज़ की सामर्थ्य प्राप्त है