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75
قُل مَن كانَ فِي الضَّلالَةِ فَليَمدُد لَهُ الرَّحمٰنُ مَدًّا ۚ حَتّىٰ إِذا رَأَوا ما يوعَدونَ إِمَّا العَذابَ وَإِمَّا السّاعَةَ فَسَيَعلَمونَ مَن هُوَ شَرٌّ مَكانًا وَأَضعَفُ جُندًا

फ़ारूक़ ख़ान & नदवी

(ऐ रसूल) कह दो कि जो शख्स गुमराही में पड़ा है तो खुदा उसको ढ़ील ही देता चला जाता है यहाँ तक कि उस चीज़ को (अपनी ऑंखों से) देख लेंगे जिनका उनसे वायदा किया गया है या अज़ाब या क़यामत तो उस वक्त उन्हें मालूम हो जाएगा कि मरतबे में कौन बदतर है और लश्कर (जत्थे) में कौन कमज़ोर है (बेकस) है