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30
كَذٰلِكَ أَرسَلناكَ في أُمَّةٍ قَد خَلَت مِن قَبلِها أُمَمٌ لِتَتلُوَ عَلَيهِمُ الَّذي أَوحَينا إِلَيكَ وَهُم يَكفُرونَ بِالرَّحمٰنِ ۚ قُل هُوَ رَبّي لا إِلٰهَ إِلّا هُوَ عَلَيهِ تَوَكَّلتُ وَإِلَيهِ مَتابِ

फ़ारूक़ ख़ान & अहमद

अतएव हमने तुम्हें एक ऐसे समुदाय में भेजा है जिससे पहले कितने ही समुदाय गुज़र चुके है, ताकि हमने तुम्हारी ओर जो प्रकाशना की है, उसे उनको सुना दो, यद्यपि वे रहमान के साथ इनकार की नीति अपनाए हुए है। कह दो, "वही मेरा रब है। उसके सिवा कोई पूज्य-प्रभु नहीं। उसी पर मेरा भरोसा है और उसी की ओर मुझे पलटकर जाना है।"